Q1. बादामी के चालुक्य वंश का संस्थापक कौन था? – जयसिंह (वास्तविक संस्थापक: पुलकेशिन प्रथम)
Q2. चालुक्यों ने अपनी राजधानी कहाँ स्थापित की थी? – वातापी (आधुनिक बादामी, कर्नाटक)
Q3. पल्लव वंश का संस्थापक किसे माना जाता है? – सिंहविष्णु
Q4. पल्लवों की राजधानी कहाँ स्थित थी? – कांची (काँजीवरम, तमिलनाडु)
Q5. चालुक्य और पल्लवों के बीच संघर्ष का मुख्य कारण क्या था? – कृष्णा और तुंगभद्रा नदियों के बीच का उपजाऊ ‘रायचूर दोआब’
Q6. पुलकेशिन द्वितीय किस वंश का सबसे प्रतापी राजा था? – चालुक्य वंश
Q7. पुलकेशिन द्वितीय के विजयों का वर्णन किस अभिलेख में मिलता है? – ऐहोल अभिलेख (Ahole Inscription)
Q8. ऐहोल अभिलेख की रचना किसने की थी? – रविकिर्ति (पुलकेशिन द्वितीय का दरबारी कवि)
Q9. किस पल्लव शासक ने पुलकेशिन द्वितीय को युद्ध में पराजित कर उसकी हत्या कर दी थी? – नरसिंहवर्मन प्रथम
Q10. पुलकेशिन द्वितीय को हराने के बाद नरसिंहवर्मन प्रथम ने कौन सी उपाधि धारण की? – वातापीकोण्ड (वातापी का विजेता)
Q11. नरसिंहवर्मन प्रथम ने श्रीलंका के किस राजा की सहायता के लिए नौसेना भेजी थी? – मानवर्मा
Q12. पल्लव और चालुक्य संघर्ष की शुरुआत किस राजा के समय हुई थी? – पुलकेशिन द्वितीय और महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q13. ‘मत्तविलास प्रहसन’ नामक नाटक के रचयिता कौन हैं? – पल्लव राजा महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q14. महेन्द्रवर्मन प्रथम को युद्ध में किसने पराजित किया था? – पुलकेशिन द्वितीय
Q15. पल्लव राजा नरसिंहवर्मन प्रथम को और किस नाम से जाना जाता है? – महामल्ल
Q16. महाबलीपुरम के ‘रथ मंदिरों’ (सप्त पैगोडा) का निर्माण किसने करवाया था? – नरसिंहवर्मन प्रथम
Q17. किस चालुक्य राजा ने कांची पर तीन बार आक्रमण किया और उसे जीता? – विक्रमादित्य द्वितीय
Q18. विक्रमादित्य द्वितीय की पत्नी लोकमहादेवी ने किस मंदिर का निर्माण करवाया था? – विरुपाक्ष मंदिर (पट्टदकल)
Q19. चालुक्य प्रशासन में ‘महाविग्रहिक’ कौन होता था? – विदेश मंत्री या युद्ध मंत्री
Q20. ‘वेसर शैली’ (Vesara Style) के मंदिरों का विकास किस राजवंश के काल में हुआ? – चालुक्य काल
Q21. पल्लव काल में शिक्षा का प्रमुख केंद्र क्या था? – घटिका (कांची की घटिका)
Q22. पल्लव वंश का अंतिम महत्वपूर्ण शासक कौन था? – अपराजित वर्मन
Q23. चालुक्य वंश का अंतिम राजा कौन था जिसे राष्ट्रकूटों ने हराया? – कीर्तिवर्मन द्वितीय
Q24. पल्लव वास्तुकला की ‘राजसिंह शैली’ का सर्वोत्तम उदाहरण कौन सा है? – कैलाशनाथ मंदिर (कांची)
Q25. ‘कांची’ के कैलाशनाथ मंदिर का निर्माण किसने करवाया था? – नरसिंहवर्मन द्वितीय (राजसिंह)
Q26. दक्षिण भारत में ‘द्रविड़ शैली’ का प्रारंभ किस राजवंश ने किया? – पल्लव वंश
Q27. ह्वेनसांग (Xuanzang) कांची किस पल्लव राजा के समय आया था? – नरसिंहवर्मन प्रथम
Q28. ह्वेनसांग ने बादामी की यात्रा किस चालुक्य राजा के समय की थी? – पुलकेशिन द्वितीय
Q29. ‘विचित्रचित्त’ की उपाधि किस पल्लव शासक ने धारण की थी? – महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q30. महाबलीपुरम का ‘तटीय मंदिर’ (Shore Temple) किसने बनवाया था? – नरसिंहवर्मन द्वितीय
Q31. चालुक्य राजाओं का राजकीय चिह्न क्या था? – वराह (Boar)
Q32. पल्लवों का राजकीय चिह्न क्या था? – वृषभ (Nandi/Bull)
Q33. पुलकेशिन द्वितीय ने उत्तर भारत के किस महान सम्राट को हराया था? – हर्षवर्धन
Q34. किस अभिलेख में ‘कालिदास’ और ‘भारवि’ का नाम एक साथ मिलता है? – ऐहोल अभिलेख
Q35. ‘दसकुमारचरित’ के लेखक दण्डिन (Dandin) किसके दरबार में थे? – नरसिंहवर्मन द्वितीय (पल्लव)
Q36. ‘किरातार्जुनीयम्’ के लेखक भारवि किसके समकालीन थे? – सिंहविष्णु (पल्लव)
Q37. ‘पट्टदकल’ (Pattadakal) के मंदिरों को यूनेस्को की सूची में कब शामिल किया गया? – 1987
Q38. चालुक्य काल में लाट (गुजरात) का शासक किसे बनाया गया था? – पुलकेशिन द्वितीय के भाई जयसिंह वर्मा को
Q39. ‘वेंगी के चालुक्य’ (पूर्वी चालुक्य) वंश की स्थापना किसने की थी? – विष्णुवर्धन (पुलकेशिन द्वितीय का भाई)
Q40. पल्लव काल में ‘आलवार’ और ‘नयनार’ संतों का उदय हुआ? – हाँ
Q41. ‘कुदूमियामलई’ शिलालेख का संबंध किस पल्लव राजा से है? – महेन्द्रवर्मन प्रथम (संगीत प्रेमी)
Q42. पल्लव काल में भूमि की माप के लिए किस शब्द का प्रयोग होता था? – निवर्तन
Q43. चालुक्य प्रशासन में ‘विषयपति’ कौन होता था? – जिले का प्रमुख
Q44. पल्लव काल में ‘ग्राम’ सभाओं को क्या कहा जाता था? – उर और सभा
Q45. ‘मणिमंगला’ का युद्ध किनके बीच हुआ था? – पुलकेशिन द्वितीय और नरसिंहवर्मन प्रथम
Q46. चालुक्य काल में व्यापारिक श्रेणियों के प्रमुख को क्या कहते थे? – महाजन
Q47. पल्लव राजाओं ने किस उपाधि का सर्वाधिक प्रयोग किया? – धर्ममहाराज
Q48. ‘ऐहोल’ को क्या कहा जाता है? – मंदिरों का नगर (City of Temples)
Q49. प्रसिद्ध ‘लाड खां मंदिर’ (Laad Khan Temple) कहाँ स्थित है? – ऐहोल (चालुक्य काल)
Q50. ‘मामल्लपुरम’ शहर की स्थापना किसने की थी? – नरसिंहवर्मन प्रथम
Q51. चालुक्य काल में राजकीय आय का मुख्य स्रोत क्या था? – भू-राजस्व (उपज का 1/6)
Q52. पल्लव काल में ‘मण्डप’ मंदिरों का निर्माण किसने शुरू किया? – महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q53. ‘वैकुंठ पेरुमल मंदिर’ का निर्माण किसने करवाया था? – नन्दिवर्मन द्वितीय
Q54. चालुक्य शासकों की कुलदेवी कौन थी? – सप्तमात्रिका
Q55. पल्लव और चालुक्यों का संघर्ष अंततः किसके उदय के साथ समाप्त हुआ? – राष्ट्रकूट और चोल
Q56. ‘परमेश्वर’ की उपाधि किस चालुक्य राजा ने हर्षवर्धन को हराने के बाद ली थी? – पुलकेशिन द्वितीय
Q57. पल्लव काल में समुद्री व्यापार मुख्य रूप से किस बंदरगाह से होता था? – मामल्लपुरम (महाबलीपुरम)
Q58. ‘नलयिरा दिव्य प्रबन्धम’ का संबंध किस काल के संतों से है? – पल्लव काल के आलवार संतों से
Q59. किस चालुक्य राजा ने ईरान (फारस) के राजा खुसरो द्वितीय के पास दूत भेजा था? – पुलकेशिन द्वितीय
Q60. ‘चित्रकारपुली’ की उपाधि किसने धारण की थी? – महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q61. पल्लव काल में ‘ब्राह्मण’ बस्तियों को क्या कहा जाता था? – ब्रह्मदेय
Q62. चालुक्य वास्तुशैली में ‘स्तंभों’ की क्या विशेषता थी? – वे अलंकृत और नक्काशीदार थे
Q63. ‘संगमेश्वर मंदिर’ का निर्माण किसने करवाया था? – विजयादित्य (चालुक्य)
Q64. पल्लव राजा ‘नन्दिवर्मन द्वितीय’ किस मत का अनुयायी था? – वैष्णव मत
Q65. बादामी की गुफाओं में किस धर्म से संबंधित मूर्तियाँ हैं? – हिंदू, जैन और बौद्ध
Q66. पल्लव और चालुक्य दोनों ने किस भाषा को राजकीय संरक्षण दिया? – संस्कृत
Q67. चालुक्य काल में गाँव के मुखिया को क्या कहा जाता था? – गौड़ा या मुण्डा
Q68. पल्लव काल में ‘वारियम’ (Variyam) क्या थी? – ग्राम प्रशासन की कार्यकारी समितियाँ
Q69. ‘रैवा’ (नर्मदा) का युद्ध किनके बीच हुआ था? – पुलकेशिन द्वितीय और हर्षवर्धन
Q70. पल्लव वंश की स्थापना के समय उनकी राजधानी क्या थी? – कांची
Q71. ‘पपनाय’ (Papanatha) मंदिर किस शैली का मिश्रण है? – नागर और द्रविड़
Q72. पल्लव काल में ‘पेरुन्देवनार’ ने ‘भारत वेणबा’ की रचना की, जो किसका तमिल अनुवाद है? – महाभारत
Q73. ‘बादामी’ का पुराना नाम क्या था? – वातापी
Q74. पल्लव काल में मंदिरों को दी जाने वाली भूमि को क्या कहते थे? – देवदान
Q75. ‘बादामी’ के किले का निर्माण किसने करवाया था? – पुलकेशिन प्रथम
Q76. पल्लव राजाओं ने किस लिपि का प्रयोग अपने अभिलेखों में किया? – पल्लव ग्रन्थ लिपि और ब्राह्मी
Q77. चालुक्य राजा ‘विक्रमादित्य प्रथम’ ने पल्लवों से बदला लेने के लिए क्या किया? – कांची पर आक्रमण कर उसे जीता
Q78. ‘महेन्द्रवादी’ नामक जलाशय का निर्माण किसने करवाया था? – महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q79. पल्लव काल में ‘सिंचाई’ कर लिया जाता था? – हाँ
Q80. चालुक्य काल में ‘कन्नड़’ साहित्य को बढ़ावा मिला? – हाँ (प्रारंभिक अवस्था)
Q81. ‘मल्लिकार्जुन मंदिर’ (पट्टदकल) का निर्माण किसने करवाया? – त्रिलोकमहादेवी (विक्रमादित्य द्वितीय की दूसरी पत्नी)
Q82. पल्लव राजाओं के समय दक्षिण भारत में ‘भक्ति आंदोलन’ का नेतृत्व किसने किया? – नयनार (शैव) और आलवार (वैष्णव)
Q83. ‘पुल्ललुर’ का युद्ध किनके बीच हुआ था? – पुलकेशिन द्वितीय और महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q84. चालुक्य काल में ‘सैनिक’ और ‘प्रशासनिक’ पदों का विभाजन स्पष्ट था? – नहीं, अक्सर सेनापति ही प्रशासक होते थे
Q85. ‘मत्तविलास’ किस राजा की उपाधि थी? – महेन्द्रवर्मन प्रथम
Q86. पल्लव काल में ‘कल्याण मण्डप’ की अवधारणा विकसित हुई? – प्रारंभिक चरण यहीं से शुरू हुआ
Q87. चालुक्य प्रशासन में ‘कर’ (Tax) किस रूप में लिया जाता था? – नकद और अनाज दोनों
Q88. ‘अवनिसिंह’ (पृथ्वी का सिंह) किसे कहा जाता था? – सिंहविष्णु (पल्लव)
Q89. बादामी की 4 गुफाओं में से ‘चौथी गुफा’ किस धर्म को समर्पित है? – जैन धर्म
Q90. पल्लव काल में ‘नाड’ (Nadu) क्या था? – प्रशासनिक इकाई (जिलों का समूह)
Q91. ‘पुलकेशिन’ शब्द का अर्थ क्या है? – महान शेर या बाघ (Tiger-haired)
Q92. पल्लव कला में ‘सिंह’ स्तंभों का प्रयोग किसने लोकप्रिय बनाया? – नरसिंहवर्मन प्रथम
Q93. चालुक्य काल में ‘महायज्ञों’ का प्रचलन था? – हाँ (अश्वमेध, वाजपेय आदि)
Q94. पल्लव राजाओं ने श्रीलंका के साथ कैसे संबंध रखे? – घनिष्ठ और सामरिक संबंध
Q95. ‘ऐहोल’ में स्थित दुर्गा मंदिर का आकार कैसा है? – गजपृष्ठाकार (Absidal)
Q96. पल्लव काल में ‘पुलैयन’ कौन थे? – समाज का सबसे निचला वर्ग
Q97. चालुक्य काल में महिलाओं को प्रशासन में भागीदारी मिली थी? – हाँ (राजपरिवार की महिलाएं राज्यपाल होती थीं)
Q98. पल्लव काल में ‘पेरिपाडल’ क्या है? – संगम साहित्य के बाद का एक भक्ति काव्य
Q99. चालुक्य और पल्लव संघर्ष ने दक्षिण भारत में किसका मार्ग प्रशस्त किया? – क्षेत्रीय सैन्य शक्ति के सुदृढ़ीकरण का
Q100. चालुक्य और पल्लव वास्तुकला ने मिलकर किस शैली को जन्म दिया? – शास्त्रीय दक्षिण भारतीय वास्तुकला